धारसेड़ी गांव में वन्यजीव अपराध नियंत्रण ब्यूरो की दबिश; संभावित तस्करी नेटवर्क और अन्य लोगों की संलिप्तता की जांच जारी
सूरजपुर, 29 जुलाई 2026। सूरजपुर जिले में वन्यजीव अपराध से जुड़े एक मामले में वन्यजीव अपराध नियंत्रण ब्यूरो (WCCB) की टीम ने बड़ी कार्रवाई की है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, जबलपुर से पहुंची टीम ने सूरजपुर वनमंडल के अंतर्गत धारसेड़ी गांव में देर रात दबिश देकर कथित रूप से बाघ की खाल बरामद की है।
कार्रवाई के दौरान तीन संदिग्धों को हिरासत में लिया गया है। अधिकारियों द्वारा उनसे पूछताछ की जा रही है और बरामद वन्यजीव सामग्री के स्रोत, परिवहन तथा संभावित खरीदारों के संबंध में जानकारी जुटाई जा रही है।
जांच एजेंसियां यह पता लगाने का प्रयास कर रही हैं कि इस मामले के तार किसी बड़े अंतरराज्यीय वन्यजीव तस्करी नेटवर्क से तो नहीं जुड़े हैं। प्रकरण में अन्य व्यक्तियों की संलिप्तता की संभावना की भी जांच की जा रही है।
बाघ वन्यजीव (संरक्षण) अधिनियम, 1972 के अंतर्गत सर्वोच्च कानूनी संरक्षण प्राप्त प्रजाति है। बाघ या उसके अंगों का शिकार, कब्जा, परिवहन अथवा व्यापार गंभीर दंडनीय अपराध है। मामले में आरोपों की पुष्टि, संबंधित धाराओं और आगे की कानूनी कार्रवाई की आधिकारिक जानकारी जांच पूरी होने के बाद सामने आएगी।